बेतिया। केंद्रीय चयन पर्षद (सिपाही भर्ती) द्वारा विज्ञापन संख्या-03/2025 के तहत मद्य निषेध सिपाही, कक्षपाल एवं चलंत दस्ता सिपाही के पदों पर नियुक्ति के लिए आयोजित लिखित परीक्षा बुधवार को पश्चिमी चंपारण जिले के 14 परीक्षा केंद्रों पर कदाचारमुक्त, शांतिपूर्ण एवं सुव्यवस्थित वातावरण में संपन्न कराई गई। परीक्षा के सफल संचालन को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क एवं सक्रिय नजर आया। सभी केंद्रों पर सुरक्षा, निगरानी और पारदर्शिता से संबंधित आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई थीं। परीक्षा के निष्पक्ष संचालन का जायजा लेने के लिए जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह एवं वरीय पुलिस अधीक्षक डॉ. शौर्य सुमन ने विभिन्न परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने एम.जे.के. कॉलेज, प्लस-टू विपिन उच्च विद्यालय सहित कई केंद्रों का दौरा कर वहां की व्यवस्थाओं का गहन निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने केंद्राधीक्षकों, प्रतिनियुक्त दंडाधिकारियों तथा पुलिस अधिकारियों से परीक्षा संचालन के संबंध में विस्तृत जानकारी प्राप्त की। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने केंद्रीय चयन पर्षद द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुपालन, अभ्यर्थियों के बायोमेट्रिक सत्यापन, प्रवेश से पूर्व सघन जांच, सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से निगरानी तथा सुरक्षा व्यवस्था का बारीकी से अवलोकन किया। अधिकारियों ने यह सुनिश्चित किया कि परीक्षा प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से संचालित हो तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता या कदाचार की संभावना न रहे। जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह ने निरीक्षण के बाद बताया कि जिले के सभी परीक्षा केंद्रों पर आवश्यक व्यवस्थाएं संतोषजनक पाई गई हैं। उन्होंने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और कदाचारमुक्त वातावरण में संपन्न कराना है। इसके लिए सभी केंद्रों पर पर्याप्त संख्या में दंडाधिकारी, पुलिस बल और निगरानी दलों की प्रतिनियुक्ति की गई है। उन्होंने सभी केंद्राधीक्षकों एवं प्रतिनियुक्त अधिकारियों को परीक्षा समाप्त होने तक पूरी सतर्कता और जिम्मेदारी के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने का निर्देश दिया।
वही वरीय पुलिस अधीक्षक डॉ. शौर्य सुमन ने भी परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने संबंधित पुलिस पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि परीक्षा समाप्त होने तक सभी केंद्रों पर विधि-व्यवस्था पूरी तरह बनाए रखी जाए तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि परीक्षा की पवित्रता बनाए रखने के लिए पुलिस बल को विशेष रूप से सतर्क रहने का निर्देश दिया गया है। परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों को निर्धारित समय पर पहुंचने के बाद जांच प्रक्रिया से गुजरना पड़ा। पहचान पत्रों की जांच, बायोमेट्रिक सत्यापन और अन्य औपचारिकताओं के बाद ही उन्हें परीक्षा कक्ष में प्रवेश की अनुमति दी गई। इससे परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता और विश्वसनीयता सुनिश्चित हुई।
प्रशासन की कड़ी निगरानी, सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम और अधिकारियों की सक्रियता के कारण जिले के सभी 14 परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न हुई। निरीक्षण के दौरान जिला शिक्षा पदाधिकारी रविन्द्र कुमार, विशेष कार्य पदाधिकारी (जिला गोपनीय शाखा) सुजीत कुमार सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी भी मौजूद रहे। प्रशासन ने परीक्षा के सफल आयोजन में सहयोग देने वाले सभी अधिकारियों एवं कर्मियों की सराहना की।












